विकसित भारत की थीम पर विद्यार्थियों ने सजाई आकर्षक रंगोली
खेकड़ा महामना मालवीय महाविद्यालय में राष्ट्रीय सेवा योजना के तत्वावधान में सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत एक दिवसीय शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में विद्यार्थियों ने ‘विकसित भारत’ की थीम पर आकर्षक रंगोली बनाकर राष्ट्र निर्माण, आत्मनिर्भरता और सामाजिक जिम्मेदारी का संदेश दिया।
विकसित भारत की थीम पर विद्यार्थियों ने सजाई आकर्षक रंगोली
- महामना मालवीय महाविद्यालय में राष्ट्रीय सेवा योजना के शिविर में लिया राष्ट्र निर्माण का संकल्प
खेकड़ा।
महामना मालवीय महाविद्यालय में राष्ट्रीय सेवा योजना के तत्वावधान में सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत एक दिवसीय शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में विद्यार्थियों ने ‘विकसित भारत’ की थीम पर आकर्षक रंगोली बनाकर राष्ट्र निर्माण, आत्मनिर्भरता और सामाजिक जिम्मेदारी का संदेश दिया।
कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों को स्वच्छता, शिक्षा, स्वास्थ्य, पर्यावरण संरक्षण और आत्मनिर्भरता के प्रति जागरूक करना रहा। राष्ट्रीय सेवा योजना की दोनों इकाइयों के स्वयंसेवकों ने रंगोली निर्माण और परिसर की साज-सज्जा में उत्साहपूर्वक भाग लिया। विद्यार्थियों ने अपनी रचनात्मकता के माध्यम से विकसित भारत की परिकल्पना को रंगों में उकेरा। रानी लक्ष्मीबाई समूह की जीनत, राधा, शिवी, रूपाली और तनीषा तथा सरोजनी नायडू समूह की खुशी, वंशिका, हर्षित और तनिष्का ने रंगोली को आकर्षक स्वरूप देने में योगदान दिया। रंगोली के माध्यम से आत्मनिर्भरता, आधुनिक तकनीक, शिक्षा, स्वास्थ्य और पर्यावरण संरक्षण जैसे विषयों को दर्शाया गया। शिविर के दौरान विद्यार्थियों को सामूहिक सहयोग, सामाजिक सेवा और राष्ट्रहित में सक्रिय भूमिका निभाने के लिए प्रेरित किया गया। कार्यक्रम के अंत में उपस्थित लोगों ने सक्षम, आत्मनिर्भर और विकसित भारत के निर्माण में योगदान देने का संकल्प लिया। इस अवसर पर डॉ. जगदीश, डॉ. भवानी रामचंद्रन, डॉ. शैलेंद्र, डॉ. स्वाति, डॉ. गुंजन सिंह, डॉ. रजनीश और डॉ. प्रमोद सहित महाविद्यालय के शिक्षणेतर कर्मचारी मौजूद रहे। सभी ने विद्यार्थियों के प्रयासों की सराहना की। कार्यक्रम का निर्देशन राष्ट्रीय सेवा योजना के समन्वयक डॉ. उदयभान द्विवेदी और डॉ. देवेश शुक्ल ने किया। शिविर के माध्यम से विद्यार्थियों को वर्ष 2047 तक विकसित भारत के लक्ष्य में अपनी भागीदारी सुनिश्चित करने का संदेश दिया गया।