तेजेश चौहान तेजस
देश भर में आज रक्षाबंधन का त्यौहार बड़े हर्षोल्लास के साथ मनाया जा रहा है।सभी बहनें अपने भाई की कलाई पर रक्षा की डोर बांध सभी भाई और बहन एक दूसरे को मिठाई खिलाकर इस पवित्र रक्षा सूत्र बांधते हुए खुशी-खुशी त्यौहार को मना रहे हैं।
इसी कड़ी में गाजियाबाद की डासना स्थित कारागार में भी जेल प्रशासन की तरफ से जेल में बंद बंदियों की कलाई पर राखी बांधने का अवसर उनकी बहनों को दिया गया।सुबह से ही जेल के बाहर बहनों की लंबी कतार नजर आई।
उधर सुरक्षा की दृष्टि से भी जेल प्रशासन की तरफ से बैरी गेटिंग लगाते हुए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं और बारी बारी से जेल पर पहुंची सभी बहनों को अपने भाई की कलाई पर रक्षा सूत्र बांधने का अवसर दिया गया है।
इस पूरे मामले की जानकारी देते हुए जेल अधीक्षक आलोक सिंह ने बताया कि रक्षाबंधन के त्यौहार पर जेल में बंद बंदियों को उनकी बहनों से मिलने का अवसर दिया गया है।इसके लिए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम पहले से ही किए गए हैं।उन्होंने बताया कि दिन निकलते ही जेल के बाहर बड़ी संख्या में बहनों की भीड़ नजर आई।

भीड़ के हिसाब से सभी बहनों की पहले मिलाई की पर्ची बनवाई गई ।उसके बाद बारी-बारी से सभी बहन अपने भाइयों की कलाई पर रक्षा सूत्र बांध रही हैं। उन्होंने बताया कि शाम 6:00 बजे तक बहन भाइयों की मुलाकात और उनकी कलाई पर राखी बांधने का मौका दिया गया है। दोपहर करीब 3:00 बजे तक 1600 बहन अपने भाइयों की कलाई पर रक्षा सूत्र बांध चुकी हैं और अभी भी राखी बांधने का सिलसिला जारी है उम्मीद है शाम 6:00 बजे तक बड़ी संख्या में बहने अपने भाई की कलाई पर राखी बांधेगी। जेल पर आने वाली बहनों को पीने के पानी की व्यवस्था की गई है।कुछ कुर्सियों की भी व्यवस्था की गई है।ताकि बुजुर्ग महिलाओं को किसी तरह की कोई परेशानी ना हो।उन्होंने कहा कि राखी बांधने का सिलसिला बदस्तूर सुबह से ही जारी है। पूरी सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए रक्षाबंधन का त्यौहार मनाया जा रहा है।

वहीं दूसरी तरफ जेल के बाहर अपने भाइयों की कलाई पर राखी बांधने पहुंची बहनें प्रशासन की व्यवस्था से बेहद खुश हैं और हंसी-खुशी रक्षाबंधन के त्यौहार को मना रही हैं।