तेजेश चौहान तेजस
चार घंटे के ऑपरेशन के बाद स्कूल में घुसे तेंदुए को किया गया काबू
गाजियाबाद। गोविंदपुरम स्थित ग्रीन फील्ड पब्लिक स्कूल परिसर में घुसे तेंदुए को बुधवार दोपहर करीब चार घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद वन विभाग और पुलिस की संयुक्त टीम ने सुरक्षित पकड़ लिया। ड्रोन कैमरों, ट्रेंकुलाइजर गन और मेरठ से बुलाई गई विशेषज्ञ टीम की मदद से चलाए गए इस ऑपरेशन में सौ से ज्यादा पुलिसकर्मी और वनकर्मी तैनात रहे। तेंदुए को बेहोश कर कब्जे में लेने के बाद अब उसकी उम्र और स्वास्थ्य की जांच की जाएगी, जिसके बाद उसे शिवालिक पहाड़ियाँ में छोड़ा जाएगा।
सुबह सीसीटीवी में दिखा तेंदुआ, मची अफरा-तफरी
जानकारी के मुताबिक बुधवार सुबह करीब 6:45 बजे स्कूल के सीसीटीवी कैमरों में तेंदुआ परिसर में घूमता हुआ दिखाई दिया। सिक्योरिटी इंचार्ज ने तुरंत इसकी सूचना स्कूल प्रबंधन और वन विभाग को दी। सूचना मिलते ही वन विभाग और पुलिस की टीम मौके पर पहुंच गई और पूरे स्कूल परिसर को अपने कब्जे में लेकर सर्च ऑपरेशन शुरू कर दिया।
बच्चों और शिक्षकों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए स्कूल की निर्धारित परीक्षा रद्द कर दी गई और आसपास के इलाके में बैरिकेडिंग कर दी गई। पूरे क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई थी, जिससे स्थानीय लोगों में सुबह से दहशत का माहौल बना रहा।
जाल और ड्रोन से की गई तलाश
डिविजनल फॉरेस्ट ऑफिसर ईशा तिवारी ने बताया कि सबसे पहले स्कूल परिसर को जाल लगाकर कवर किया गया ताकि तेंदुआ बाहर न निकल सके। इसके बाद ड्रोन कैमरों की मदद से पूरे कैंपस की निगरानी की गई, लेकिन वह नजर नहीं आया।
इसके बाद टीम ने स्कूल के कमरों, गलियारों और कोनों की फिजिकल सर्च शुरू की। करीब चार घंटे की तलाश के बाद तेंदुआ स्कूल के पीछे बने मेल बाथरूम में बैठा मिला।
दीवार में छेद कर किया गया ट्रेंकुलाइज
तेंदुए को पकड़ने के लिए पहले बाथरूम का दरवाजा बंद किया गया और खिड़की का शीशा तोड़कर ट्रेंकुलाइज करने की कोशिश की गई, लेकिन वह बच निकला। इसके बाद टीम ने ड्रिल मशीन से दीवार में करीब चार इंच का छेद किया और उसी रास्ते से ट्रेंकुलाइजर गन का इस्तेमाल कर उसे बेहोश कर दिया।
75–80 किलो का वयस्क तेंदुआ
अधिकारियों के अनुसार पकड़ा गया तेंदुआ पूरी तरह वयस्क है और उसका वजन करीब 75 से 80 किलो है। प्राथमिक जांच के बाद उसे सहारनपुर क्षेत्र की शिवालिक पहाड़ियों में छोड़ा जाएगा।
बहराल तेंदुए के पकड़े जाने के बाद सुबह से भयभीत इलाके के लोगों ने राहत की सांस ली।