तेजेश चौहान तेजस
आज से सावन का महीना शुरु हो गया है। हिंदू धर्म में सावन के महीने में भगवान भोलेनाथ की आराधना करना और शिवलिंग पर जलाभिषेक करने का बड़ा महत्व माना जाता है। खासतौर से सावन के महीने में बड़ी संख्या में शिव भक्त हरिद्वार और गंगोत्री से जल लाकर भगवान भोलेनाथ पर चढ़ाते हैं। इसी कड़ी में गाजियाबाद के प्रसिद्ध भगवान दूधेश्वर नाथ मंदिर में भी हर साल सावन के महीने में कांवड़ का मेला रहता है। पिछले 2 साल से कोरोना के कारण कांवड़ मेला स्थगित रहा।लेकिन इस बार कावंड़ के मेले में 4 गुना से भी ज्यादा लोगों के पहुंचने की संभावना है।लाखों की संख्या में भगवान दूधेश्वर नाथ मठ मंदिर पहुंचकर शिवभक्त जलाभिषेक करते हैं और अपनी मनोकामना पूरी होने की कामना करते हैं।

सावन का महीना शुरू होते ही शिव भक्तों की टोली हरिद्वार और गंगोत्री के लिए रवाना होने लगी हैं। गाजियाबाद में गुरु पूर्णिमा के दिन से ही शिव भक्त हरिद्वार और गंगोत्री के लिए रवाना होने लगे और आज सावन का महीना शुरू होते ही सुबह से ही बड़ी संख्या में शिव भक्त भगवान दूधेश्वर नाथ मंदिर पहुंच रहे हैं।जहां उन्होंने भोले का आशीर्वाद लेकर गंगोत्री और हरिद्वार के लिए रवाना हो रहे हैं। दो साल के अंतराल के बाद शिव भक्तों में बेहद उत्साह दिखाई दे रहा है। कांवड़ मेले में कुछ शिव भक्त पैदल यात्रा कर कांवड़ लेकर मंदिर पहुंचते हैं।तो कुछ शिव भक्त डाक कावड़ या बैकुंठ कावड़ लाकर भगवान भोलेनाथ पर जलाभिषेक करते हैं।

इस पूरे मामले की जानकारी देते हुए भगवान दूधेश्वर नाथ मंदिर के महंत एवं राष्ट्रीय अखाड़ा के राष्ट्रीय प्रवक्ता महंत नारायण गिरी जी महाराज ने बताया कि सावन का महीना भोले की आराधना करने के लिए बेहद शुभ माना जाता है और दूधेश्वर नाथ मंदिर में प्राचीन काल से ही शिवभक्त हरिद्वार और गंगोत्री से कावड़ या जल लाकर भगवान भोलेनाथ पर चढ़ाते हैं। उन्होंने बताया कि हिंदू धर्म में सावन में शिवलिंग पर जलाभिषेक करने का बड़ा महत्व माना गया है।हर साल दूधेश्वर नाथ मठ मंदिर में लाखों की संख्या में शिव भक्त जलाभिषेक करते हैं और 2 दिन कावण मेला रहता है।कोरोना के कारण पिछले 2 साल काम मेला स्थगित कर दिया गया था।लेकिन इस बार हर साल के मुकाबले करीब 4 गुना से भी ज्यादा शिव भक्तों के पहुंचने की संभावना है। इसके लिए जिला प्रशासन और पुलिस प्रशासन ने भी पूरी तैयारी कर ली है।

वहीं दूसरी तरफ मंदिर समिति की तरफ से भी पुख्ता इंतजाम किए जा रहे हैं।मंदिर के अंदर 16 सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं। के लिए एक कंट्रोल रूम भी स्थापित किया गया है ।ताकि हर व्यक्ति की गतिविधि पर पूरी नजर रखी जा सके।इसके अलावा कांवड़ मेले के दौरान आने वाले शिव भक्तों के लिए रामलीला मैदान शंभू दयाल इंटर कॉलेज के अंदर पूरा इंतजाम किया गया है। सुरक्षा की दृष्टि से एसएसपी और जिलाधिकारी की तरफ से भी मंदिर के आसपस सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं.।