जन्म और मृत्यु पंजीकरण में देरी पर अब देना होगा विलंब शुल्क
22 जून से जन्म और मृत्यु की सूचना अब घटना के 21 दिन के भीतर देना अनिवार्य
जन्म और मृत्यु के 21 दिन के भीतर सूचना न देने पर आवेदकों को विलंब शुल्क देना होगा। 30 दिन से एक साल तक की देरी पर संबंधित अधिकारी की अनुमति के बाद विलंब शुल्क के रूप में 50 रुपये देय होगा। जन्म और मृत्यु पंजीकरण को अधिक पारदर्शी, डिजिटल और व्यवस्थित बनाने के लिए नई नियमावली लागू हो गई है। इससे गड़बड़ी पर रोक लगेगी।

गौतमबुद्ध नगर में किसी भी शिशु के जन्म पर उसका पंजीकरण करा कर जन्म प्रमाण पत्र लेना और व्यक्ति की मृत्यु पर उसका पंजीकरण करा कर मृत्यु प्रमाण पत्र लेना काफी ज्यादा आवश्यक होता है। शासन की नई नियमावली के तहत 22 जून से जन्म और मृत्यु की सूचना अब घटना के 21 दिन के भीतर देना अनिवार्य किया गया है। इसके तहत जन्म और मृत्यु पंजीकरण के लिए 21 दिन के भीतर सूचना देना आवश्यक है। जन्म के लिए 21 दिन बाद लेकिन 30 दिन के भीतर पंजीकरण कराने पर 20 रुपये विलंब शुल्क देना होगा। 30 दिन से एक वर्ष तक की देरी होने पर संबंधित अधिकारी की अनुमति के साथ 50 रुपये शुल्क लगेगा। जबकि एक वर्ष से अधिक विलंब होने पर एसडीएम, जिला मजिस्ट्रेट और अधिकृत कार्यपालक मजिस्ट्रेट के आदेश पर 100 रुपये शुल्क देकर पंजीकरण कराया जा सकेगा।
जन्म और मृत्यु प्रमाण पत्र के लिए 50 रुपये शुल्क तय
जन्म प्रमाण पत्र में किसी प्रकार के संक्षिप्त नाम स्वीकार नहीं किए जाएंगे। जन्म और मृत्यु प्रमाण पत्र के लिए 50 रुपये शुल्क निर्धारित किया गया है। नई व्यवस्था में ऑन लाइन पंजीकरण, रिकार्ड के स्थायी संरक्षण, त्रृटि संशोधन और प्रमाण पत्र जारी करने की प्रक्रिया को भी अधिक सरल और पारदर्शी बनाया गया है। पहले जन्म और मृत्यु प्रमाण के लिए 10 रुपये शुल्क लगता था। पहले विलंब शुल्क का कोई प्राविधान नहीं था। अब इसमें बदलाव किया गया है।