जिला एमएमजी अस्पताल की लैब के लेंटर का प्लास्टर भरभरा कर गिरा ,एक कर्मचारी घायल

उत्तर प्रदेश के जिला गाजियाबाद के एमएमजी अस्पताल की लैब के लेंटर का प्लास्टर भरभरा कर गिरा। इस दौरान एक कर्मचारी गंभीर रूप से घायल हो गया। आनन-फानन में लैब को दूसरे कमरे में स्थानांतरित किया गया है। बताया जा रहा है कि अस्पताल की जिस इमारत में लैब चल रही थी वह 1947 की बनी हुई है। पुराना लेंटर होने के कारण उसका प्लास्टर जर्जर हालत में और आए दिन कहीं ना कहीं से गिरता रहता है।

जिला एमएमजी अस्पताल की लैब के लेंटर का प्लास्टर भरभरा कर गिरा ,एक कर्मचारी घायल
तेजेश चौहान तेजस
गाजियाबाद

दिल्ली से सटे गाजियाबाद जिला एमएमजी अस्पताल बुधवार की शाम अचानक उस वक्त अफरातफरी का माहौल हो गया। जब अस्पताल की लैब के अंदर लेंटर का कुछ हिस्सा भरभरा कर नीचे आ गिरा और इस दौरान लेंटर में काम कर रहा एक कर्मचारी भी घायल हो गया।

जैसे ही है। जानकारी अस्पताल के अन्य कर्मचारियों को मिली तो भगदड़ मच गई और आनन-फानन में राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया। गनीमत रही कि यह लेंटर शाम के वक्त गिरा। उस वक्त केवल एक कर्मचारी ही लैब में मौजूद था।यदि यह लेंटर दिन के वक्त गिरा होता तो इस हादसे में कई अन्य कर्मचारी भी घायल हो सकते थे।

हालांकि मौके पर पहुंचे अस्पताल के अन्य कर्मचारियों ने आनन-फानन में वहां रखी मशीनों को हटाया और घायल कर्मचारी को उपचार के लिए भर्ती किया गया। बताया जा रहा है जिस इमारत में यह लैब मौजूद है। वह इमारत करीब 1947 की यानी पुरानी बनी हुई है। जिसके कारण जगह-जगह से इसका लेंटर क्षतिग्रस्त हो रहा है।

लैब के इंचार्ज मुकेश चौधरी ने बताया कि बुधवार की शाम लैब के अंदर का लेंटर का प्लास्टर अचानक ही भरभरा कर नीचे आ गिरा। जिसका मलबा लैब में रखी मशीनों पर भी गिर गया।हालांकि मशीन क्षतिग्रस्त होने से बच गई। लेकिन लैब में मौजूद एक टेक्नीशियन को चोट आई।

उन्होंने बताया कि अस्पताल की इमारत 1947 की बनी हुई है और इसके अलावा जर्जर हालत में आए दिन कहीं ना कहीं से लेंटर का प्लास्टर गिर जाता है। उन्होंने बताया कि फिलहाल लैब को अन्य कमरे में स्थापित किया जा रहा है और इसकी जानकारी शासन को दे दी गई है।