102 एम्बुलेंस में गूंजी जुड़वा बच्चों की किलकारी
कस्बा रटौल में शुक्रवार तड़के उस समय खुशी की लहर दौड़ गई जब 102 एम्बुलेंस में ही एक महिला ने जुड़वा बच्चों को सुरक्षित जन्म दिया। एम्बुलेंस के ईएमटी भूपेंद्र कुमार की सूझबूझ, त्वरित निर्णय और साहसिक प्रयास से यह संभव हो सका।
102 एम्बुलेंस में गूंजी जुड़वा बच्चों की किलकारी
— जच्चा-बच्चा दोनों स्वस्थ, एम्बुलेंस टीम होगी सम्मानित
खेकड़ा, तेजस न्यूज रिपोर्टर
कस्बा रटौल में शुक्रवार तड़के उस समय खुशी की लहर दौड़ गई जब 102 एम्बुलेंस में ही एक महिला ने जुड़वा बच्चों को सुरक्षित जन्म दिया। एम्बुलेंस के ईएमटी भूपेंद्र कुमार की सूझबूझ, त्वरित निर्णय और साहसिक प्रयास से यह संभव हो सका।
जानकारी के अनुसार, रटौल निवासी रिजवाना (26) पत्नी सुभान को अचानक प्रसव पीड़ा शुरू हुई। परिजनों ने तत्काल आशा कार्यकर्ता की मदद से 102 एम्बुलेंस बुलाई। ईएमटी भूपेंद्र कुमार और पायलट राहुल कुमार रिजवाना को अस्पताल ले जा रहे थे, लेकिन रास्ते में प्रसव पीड़ा असहनीय हो गई। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए भूपेंद्र कुमार ने एम्बुलेंस को सड़क किनारे रुकवाया और डिलीवरी किट की मदद से वहीं सुरक्षित प्रसव कराना शुरू किया। उन्होंने बताया कि पहले बच्चे का जन्म आसानी से हो गया, लेकिन दूसरे बच्चे के गले में गर्भनाल फंसी होने से मां और शिशु दोनों की स्थिति बिगड़ने लगी। कठिन परिस्थितियों में भी भूपेंद्र ने हिम्मत और समझदारी दिखाते हुए दूसरे बच्चे का भी सफलतापूर्वक प्रसव कराया। सुरक्षित प्रसव के बाद जुड़वा बच्चों के जन्म से परिवार और रिश्तेदारों में खुशी की लहर दौड़ गई। परिजनों ने सरकारी एम्बुलेंस सेवा और एम्बुलेंस कर्मियों की तारीफ करते हुए उनका आभार व्यक्त किया। इस सराहनीय कार्य पर सीएचसी अधीक्षक डॉ. ताहिर ने कहा कि एम्बुलेंस टीम ने असाधारण कार्य किया है, जिसके लिए उन्हें जल्द ही सम्मानित किया जाएगा।