इलेक्ट्रिक गोदाम में लगी आग, अग्निशमन विभाग ने पाया काबू

उत्तर प्रदेश युवा व्यापार मंडल ने की घटना की जांच की मांग

इलेक्ट्रिक गोदाम में लगी आग, अग्निशमन विभाग ने पाया काबू

तेजस न्यूज संवाददाता

नोएडा के थाना सेक्टर 49 क्षेत्र के होशियारपुर गांव में एक इलेक्ट्रॉनिक उपकरण के गोदाम में अचानक आग लग गई। आग लगने की सूचना पर चारों तरफ हड़कंप की स्थिति पैदा हो गई। स्थानीय लोगों ने इसकी सूचना अग्निशमन विभाग को दी। सूचना मिलते ही अग्निशमन विभाग की गाड़ियां मौके पर पहुंची और आग पर काबू पाया गया। इस आग में गोदाम में रखा लाखों रुपये का सामान जलकर राख हो गया। हालांकि, इस घटना में किसी भी प्रकार की कोई जनहानि नहीं होने की सूचना अग्निशमन विभाग की तरफ से दी गई।


जिला अग्निशमन अधिकारी प्रदीप कुमार ने बताया कि सेक्टर 51 की होशियारपुर गली नंबर-2 में मंगलवार सुबह करीब 7.25 बजे मनीष शर्मा के गोदाम में आग लगने की खबर मिली थी। इस गोदाम में फ्रिज और कूलर जैसे इलेक्ट्रिक सामान रखे थे। खबर मिलते ही स्थानीय पुलिस और अग्निशमन विभाग की टीम जल्द से जल्द मौके पर पहुंच गई। 


डेढ़ घंटे के बाद आग पर पाया गया काबू
जिला अग्निशमन अधिकारी प्रदीप कुमार ने बताया कि आग बुझाने के लिए अग्निशमन विभाग की 16 गाड़ियों को मौके पर बुलाया गया। करीब डेढ़ घंटे की कोशिश के बाद आग पर काबू पाया गया। गोदाम एक सकरी गली में था और अंदर से बंद था। जिसके चलते आसपास के मकानों को भी खाली कराया गया था। अग्निशमन कर्मचारियों ने तीन शीट काटकर गोदाम में तीन तरफ से घुसकर आग पर पूरी तरह काबू पाया गया। इस हादसे में किसी भी प्रकार की कोई जनहानि नहीं हुई हैं। हालांकि, गोदाम में रखा लाखों रुपये का सामान जलकर राख हो गया। आग लगने की वजह अभी साफ नहीं हो सकी है। हालांकि, आग शॉर्ट सर्किट से लगी हुई जानकारी प्राप्त हो रही हैं।


आग लगने के कारणों की हो निष्पक्ष जांचःविकास जैन
उत्तर प्रदेश युवा व्यापार मंडल के प्रदेश अध्यक्ष विकास जैन ने कहा कि आग लगने के कारणों की निष्पक्ष जांच की जानी चाहिए। मनीष शर्मा को नुकसान का सर्वे कराकर उन्हें उचित और पर्याप्त आर्थिक मुआवजा दिया जाए। जिससे वह अपना कारोबार दोबार शुरू कर सके। व्यापारी नियमित रूप से जीएसटी और अन्य करों का भुगतान कर देश की अर्थव्यवस्था में योगदान देते हैं। सरकार को उनके लिए दुर्घटना बीमा के साथ-साथ आग, प्राकृतिक आपदा और अन्य ऐसे हादसों में भी प्रभावी आर्थिक सहायता की व्यवस्था करनी चाहिए।